हम आपकी कैसे सहायता करते हैं?

प्रक्रिया का हर चरण उपलब्ध तथ्यों, दस्तावेजों और संबंधित पक्षों की स्वैच्छिक भागीदारी पर आधारित है।

01 — समस्या समझना

विवाद की प्रकृति समझें

जमीन, स्वामित्व, हिस्सेदारी, कब्जा, सीमा या रिकॉर्ड से संबंधित प्रश्नों को क्रम से समझा जाता है।

02 — दस्तावेज देखना

उपलब्ध रिकॉर्ड की समीक्षा

खसरा, खतौनी, रजिस्ट्री, नामांतरण, चकबंदी और अन्य उपलब्ध दस्तावेजों को देखा जाता है।

03 — स्थिति स्पष्ट करना

मुख्य बिंदुओं को समझना

स्वामित्व, हिस्सेदारी और विवाद के प्रमुख बिंदुओं को सरल भाषा में समझने में सहायता की जाती है।

04 — पक्षों की सहमति

आपसी बातचीत पर विचार

यदि सभी संबंधित पक्ष स्वेच्छा से सहमत हों, तो आपसी बातचीत या समाधान की संभावना पर विचार किया जा सकता है।

05 — लिखित सहमति

उचित दस्तावेजीकरण

समझौता होने पर उचित लिखित दस्तावेज तैयार करने और आवश्यकता अनुसार योग्य पेशेवर से सलाह लेने का सुझाव दिया जा सकता है।

06 — आगे की प्रक्रिया

अगले उचित कदम

विवाद हल न होने पर योग्य अधिवक्ता या सक्षम न्यायालय/प्राधिकारी की उचित कानूनी प्रक्रिया पर विचार किया जा सकता है।

महत्वपूर्ण

यह प्रक्रिया सलाह एवं मार्गदर्शन के लिए है। किसी भी न्यायिक या राजस्व प्रक्रिया के लिए संबंधित सक्षम प्राधिकारी की प्रक्रिया लागू होगी।